कामधेनु विश्वविद्यालय के 1536 छात्रों को स्नातक, स्नातकोत्तर तथा पीएचडी की उपाधि । पढ़ाई पूरी करने के बाद जिम्मेदारी से भरी यात्रा शुरू होती है: राज्यपाल

Spread the love

;

पढ़ाई पूरी करने के बाद जिम्मेदारी से भरी यात्रा शुरू होती है: राज्यपाल

कामधेनु विश्वविद्यालय के चौथे दीक्षांत समारोह में राज्यपाल रमेन डेका ने कहा कि दीक्षांत समारोह केवल पढ़ाई पूरी होने का अवसर नहीं है, बल्कि यह जीवन को एक नई जिम्मेदारियों भरी यात्रा की शुरुआत है। शिक्षा किसी एक दिन समाप्त नहीं होती, बल्कि सीखने की प्रक्रिया जीवन भर चलती रहती है। उन्होंने विश्वविद्यालय की ओर से संक्रामक रोगों की रोकथाम और नस्ल सुधार के लिए किए जा रहे कार्यों की सराहना की। उन्होंने डेयरी प्रौद्योगिकी के छात्रों को मिलावट की समस्या के प्रति सचेत करते हुए गुणवत्ता पर ध्यान देने कहा, ताकि भारतीय उत्पाद वैश्विक स्तर पर भरोसेमंद बन सके। मत्स्य पालन के क्षेत्र में राज्यपाल ने कांकेर जिले की सफलता से प्रेरणा लेने और आधुनिक तरीकों को अपनाने की बातें कही।

दीक्षांत समारोह में 1536 छात्रों को पशुचिकित्सा एवं

तालपुरी महिला क्रिकेट मैच के फाइनल में महामाया टीम जीती

U

पशुपालन, दुग्ध प्रौद्योगिकी एवं मात्स्यिकी संकाय में स्नातक, स्नातकोत्तर तथा पीएचडी उपाधि प्रदान की गई। 45 उपाधि धारकों को विश्वविद्यालय स्वर्ण पदक तथा पशुचिकित्सा एवं पशुपालन में 8 स्नातक उपाधि धारकों को पं. तीरथ प्रसाद मिश्रा स्मृति स्वर्ण पदक दिया गया। राज्यपाल डेका ने विद्यार्थियों को उपाधि पत्रक एवं स्वर्ण पदक प्रदान किया। समारोह में राज्य ग्रामीण एवं अन्य पिछड़ा वर्ग क्षेत्र विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष, दुर्ग ग्रामीण विधायक ललित चंद्राकर और अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष, अहिवारा विधायक डोमन लाल कोर्सेवाड़ा भी मौजूद थे। विश्वविद्यालय के के कुलपति डॉ. आरआरबी सिंह ने विश्वविद्यालय की प्रगति का प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. मीनेष सी शाह ने दीक्षांत उ‌द्बोधन दिया। विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. बीपी राठिया ने समारोह का संचालन किया।

Chadraker Kamde

समारोह के दौरान राज्यपाल रमेन डेका ने छात्रों को सम्मानित किया।

डेयरी और मत्स्य पालन से जुड़े स्टार्टअप को प्रोत्साहन

कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि छत्तीसगढ़ की कृषि आधारित अर्थव्यवस्था में पशुपालन, डेयरी और मत्स्य पालन की भूमिका महत्वपूर्ण है। उपाधि प्राप्त करने के बाद आप सभी प्रदेश की ग्रामीण अर्थव्यवस्था के नए दूत, नए पद प्रदर्शक और नए परिवर्तनकर्ता है। आपके कौशल, अनुसंधान और प्रतिबद्धता से किसानों, पशुपालकों और मछुआरों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन आएगा। राज्य सरकार युवाओं को उद्यमिता की दिशा में आगे बढ़ाने के लिए हरसंभव सहायता दे रही है। पशुपालन, डेयरी से जुड़े स्टार्टअप को प्रोत्साहन, अनुदान दिया।

हर्षवर्धन डीएवी नेशनल स्पोटर्स में

फटे कारपेट में विद्यार्थी गिरते-गिरते बचते रहे

दीक्षांत समारोह में शामियाना का काम रायपुर की फर्म को 32 लाख में दिया गया था। इसके बाद भी समारोह स्थल में कई खामियां नजर आई। कार्यक्रम स्थल में फटा कारपेट बिछाया गया था, जिसके कारण चलते समय कई विद्यार्थी गिरते-गिरते बचे। इसके अलावा भोजन के टोकन को लेकर भी अफरा-तफरी की स्थिति बनी हुई थी। । कई कई विद्यार्थियों को टोकन नहीं मिलने पर कैंटीन जाना पड़ा। वहीं सीएम के आने की अनुमति नहीं मिलने पर भी लाइब्रेरी और रिसर्च बिल्डिंग के लोकार्पण शिलान्यास में उनका नाम लिखा होने को लेकर भी चर्चा होती रही।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *